जैसा कि आप लोगों जानते है कि लोगों को अपनी तरह-तरह की जरूरतों को पूरा करने के लिए लोन की आवश्यकता पड़ती है। जो वह किसी Bank या Financial Institute से लेते हैं, और फिर लोन के द्वारा ली गई राशि  ब्याज सहित उस  Bank या Financial Institute को वापस कर देते हैं। तो आइये जानते है Types of Bank Loans in India के इस पोस्ट के माध्यम से आप लोगों को यह जानकारी देते है कि भारत में लोन कितने प्रकार दिए जाते हैं?



भारत में लोन कितने प्रकार के दिए जाते हैं (Types of Loan In India)

  1. पर्सनल लोन (Personal Loan)
  2. गोल्ड लोन (Gold Loan)
  3. सिक्यूरिटी के बदले मिलने वाला लोन (Loan against Securities)
  4. प्रॉपर्टी लोन (Property Loan)
  5. होम लोन (Home Loan)
  6. एजुकेशन लोन (Education Loan)
  7. वाहन या कार लोन (Vehicle or car Loan)
  8. कॉर्पोरेट लोन (Corporate Loan)

अवधि के अनुसार (Time Period) भारत में लोन तीन प्रकार के दिए जाते हैं।

  1. अल्पकालिक लोन (Short term loan): पैसे लौटाने की अवधि 1  साल से कम
  2. मध्यकालिक लोन (Medium term loan): पैसे लौटाने की अवधि 1 से 3 साल के बीच 
  3. दीर्घकालिक लोन (Long term loan): पैसे लौटाने की अवधि 3 साल के ऊपर

अवधि के अनुसार (Time Period) भारत में लोन तीन प्रकार के दिए जाते हैं।

  1. अल्पकालिक लोन (Short term loan): पैसे लौटाने की अवधि 1  साल से कम
  2. मध्यकालिक लोन (Medium term loan): पैसे लौटाने की अवधि 1 से 3 साल के बीच 
  3. दीर्घकालिक लोन (Long term loan): पैसे लौटाने की अवधि 3 साल के ऊपर



Loan के प्रकार: Type Of Loan 

Loan को जानने के लिए  यह समझना जरुरी है कि Loan कितने प्रकार के होते हैं, लोन को मुख्य रूप से Loan 2 प्रकार के होते है। 

सुरक्षित लोन (Secured Loans)

असुरक्षित लोन (Unsecured Loans)

सुरक्षित लोन (Secured Loans):- 

सुरक्षित Loan वो Loan हैं, जिन्हें देने के लिए बैंक आपसे कोई संपत्ति गिरवी रखने के लिए कहता है। ताकि अगर आप निर्धारित समय पर लोन नहीं चुकाते हैं तो ऐसी स्थिति में ये बैंक आपकी गिरवी रखी गई संपत्ति के माध्यम से वसूल सकते हैं।  मान लीजिये कि आपने लोन के लिए अपना गोल्ड गिरवी रख दिया और आप समय पर लोन नहीं चुका पाए तो आपके गोल्ड को बेच कर पैसा वसूला जा सकता है।  सिक्योर्ड लोन में  ब्याज दर असुरक्षित ऋण की तुलना में  कम है। 


सुरक्षित लोन (Secured Loans) के प्रकार

Unsecured-Loans
  • होम लोन ( Home loan)
  • प्रॉपर्टी लोन (Property loan)
  • गोल्ड लोन (Gold loan)
होम लोन ( Home loan): 

जो Loan घर खरीदने के लिए लोन लिया जाता है उसे होम लोन (Home Loan) कहते हैं। आप सिर्फ घर खरीदने के लिए ही लोन नहीं लेते हैं, बल्कि आप घर बनाने की कीमत मकान का Registration stamp duty का खर्च और भी बहुत सारे अन्य खर्च को जोड़ कर के आप बैंक से Loan ले सकते हैं। बैंक घर बनाने के कुल खर्च का 75% से 85% तक के लोन देता है।

बाकी पैसो के लिए आपको खुद ही सोचना पड़ेगा।  मान लीजिए आपने एक प्लॉट के लिए लोन लिया जिसकी कीमत 10 लाख रुपए है। इसके लिए आपको बैंक में इसका 30 परसेंट यानी तीन लाख ही जमा कराना होगा।

Home Loan चुकाने का समय 5 साल से लेकर 20 साल तक का होता है। Home Loan की शर्तों में ब्याज के अलावा और भी कई तरह के फीस शामिल होती हैं, जैसे: Processing Fee Administrative Charge, Legal Fee Assessment Fee इत्यादि।

प्रॉपर्टी लोन (Property loan): 

प्रॉपर्टी लोन (Property loan) वह लोन है जिसमें बैंक आपके प्रॉपर्टी के कागजात को गिरवी रख कर देता हैं। Property loan को आप  ज्यादा से ज्यादा 15 साल के लिए ले सकते हो। प्रॉपर्टी लोन (Property loan) आमतौर पर प्रॉपर्टी की कीमत का 40% से 50% प्रतिशत तक लोन  आसानी से मिल जाता है। अगर निर्धारित समय में लोन लेने वाला व्यक्ति लोन नहीं चुकाता तो बैंक प्रॉपर्टी  को जब्त कर सकता है और बेच सकता है।  

गोल्ड लोन (Gold loans):

इस तरह के loan को आप सोने के गहने बैंक में गिरवी रख कर आसानी से लोन ले सकते हैं। आप बैंक लॉकर में अपना गोल्ड को रखकर लोन प्राप्त कर सकते हैं। इस तरह के लोन में राशि आपके द्वारा जमा किया गया गोल्ड की Qualityऔर उसकी Value के आधार पर  दिया जाता है।

वैसे आमतौर पर देखा गया है कि बैंक आपकी गोल्ड की कीमत का 80% राशि आपको लोन के रूप में दे देता है। गोल्ड लोन (Gold Loan)आमतौर पर लोग इमरजेंसी की स्थित में लेते हैं। गोल्ड लोन (Gold Loan) पर लगने वाला ब्याज पर्सनल लोन (Persanal  Loan)के मुकाबले कम होता है।

असुरक्षित लोन (Unsecured Loans)

असुरक्षित लोन (Unsecured Loans) में बैंक के पास आपको कोई संपत्ति (Property) गिरवी नहीं रखनी पड़ती है, यह लोन Loan लेने वाले व्यक्ति की वित्तीय स्थिति को देख कर दिया जाता है। 

असुरक्षित लोन को सिग्नेचर (Signature) लोन और पर्सनल (Personal) लोन भी कहते है। असुरक्षित लोन में आप क्रेडिट कार्ड से Loan ले सकते है। इस प्रकार के Loan में लगाए गए ब्याज की दर सुरक्षित लोन की तुलना में अधिक होती है। 

असुरक्षित लोन (Unsecured Loans)  के प्रकार

Personal-Loan
  • पर्सनल लोन (Persnal Loan)
  • Short-term business loans
  • एजुकेशन लोन (Education loans)


पर्सनल लोन (Persnal Loan)

अगर आपको अपने किसी निजी काम के लिए पैसे की जरूरत है, और आप को कही से पसे नहीं मिल रहे  है तो उस समय आप बैंक से पर्सनल लोन ले सकते है। पर्सनल लोन का पैसा बैंक सीधे लोन लेने वाले व्यक्ति के खाते में जमा कर दिया जाता है, जिसके बाद वह अपनी ज़रूरत अनुसार उसे कैसे भी खर्च कर सकता है। आमतौर पर दूसरे लोन के मुकाबले पर्सनल लोन की ब्याज दर अधिक होती है।


Short-term business loans

Short-term business loans आमतौर पर व्यवसाय (business) करने वाले लोग व्यवसाय में अपने खर्चों को पूरा करने के लिए इस लोन को लेते हैं। Short-term business loans  छोटे उद्योगपति, Startup आदि द्वारा के लिए जाते हैं। Short-term business loans  नई मशीनरी और उपकरण खरीदने के लिए, नए स्थान को तत्काल किराया देने के लिए औरअन्य खर्चों को पूरा करने के लिए लिये जाते हैं। 

एजुकेशन लोन (Education loans)


हर किसी छात्र के लिए संभव नहीं है कि वह अपने मनपसंद Institute में पढ़ाई कर पाए। कोई Oxford University में पढ़ना चाहता है तो वहां की फीस ही इतनी है कि वह वहां जाकर पढ़ाई करने के बारे में सोचना काफी मुश्किल काम है। ऐसी स्थिति में वह बैंक से एजुकेशन लोन ले सकता है।

इसके अलावा उच्च शिक्षा के लिए Students Education loans लेते हैं।  यह लोन कोर्स की basic fees के साथ-साथ अन्य खर्चों जैसे कि आवास (Hotal Fees), परीक्षा शुल्क (Examination Fees ) आदि को पूरा करता है। 

एजुकेशन लोन (Education loans)  लोन में Student मुख्य होते हैं, जबकि माता-पिता, भाई-बहन और पति / पत्नी co-applicants हो सकते हैं। एजुकेशन लोन (Education loans) विभिन्न प्रकार की शिक्षा ( Education) के लिए होते है, जैसे full-time, part-time, graduation, post-graduation course और vocational course साथ ही विभिन्न क्षेत्रों जैसे  management, engineering, और medicine आदि।